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KGMU नर्सिंग भर्ती 2023 में फर्जीवाड़े की आशंका, अखिलेश बोले- भाजपाई लालच में लोगों की जिंदगी दांव पर लगा रहे

KGMU Nursing Recruitment 2023 Scam : लखनऊ में केजीएमयू नर्सिंग भर्ती-2023 के 1276 पदों में से 500 से अधिक अभ्यर्थियों का चयन जयपुर की एक कोचिंग कांसेप्ट आरएनआर से हुआ है। यह बात एसटीएफ की जांच में सामने आने के बाद बड़े फर्जीवाड़ा की आशंका जताई जा रही है, क्योंकि एक ही कोचिंग से इतने अभ्यर्थियों का चयन होना कई गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। अब इस मामले में प्रदेश की सियासत भी गरमाने लगी है।

केजीएमयू नर्सिंग भर्ती-2023 को लेकर खड़े हुए विवाद पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया है कि भाजपा सरकार के आने के बाद लोहिया इंस्टीट्यूट हो, पीजीआई, सैफई मेडिकल और अब केजीएमयू नर्सिंग व पैरामेडिकल टेक्नीकल स्टाफ़ का भर्ती घपला एक पैटर्न बन गया है। अखिलेश ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, “‘जाँच’ निकलेगी तो फिर दूर तलक जाएगी… ध्यान से देखा जाए तो भाजपा सरकार आने के बाद, नर्सिंग भर्ती में ये कोई पहला संदिग्ध मामला नहीं है। इसके पहले भी 500 क्या 700 तक, उन कोचिंग संस्थानों के अभ्यर्थियों को नौकरी मिली है जिनके अवैध तार ‘अंडरग्राउंड-अनरजिस्टर्ड’ लोगों से सीधे जुड़े हैं।”

अखिलेश ने आगे कहा, “ये घपलेबाज़ संगी-साथियों के आपसी लेन-देन का पुराना ख़ुफ़िया रिश्ता है, जिसका पैटर्न एक जैसा है। भाजपा सरकार आने के बाद चाहे लोहिया इंस्टीट्यूट हो, पीजीआई, सैफई मेडिकल और अब केजीएमयू नर्सिंग व पैरामेडिकल टेक्नीकल स्टाफ़ का भर्ती घपला, इस पैटर्न के पीछे ‘संगी-साथियों’ की आपराधिक संलिप्तता है। देखते हैं जाँच एजेंसियाँ इस पहलू को उजागर करती हैं या ‘दूध का दूध, पानी का पानी’ करनेवालों के झूठे वादे-दावे की तरह, यहाँ भी आपस में हिसाब-किताब करके और दोषियों को क्लीन चिट देकर पतली गली से ये गुनगुनाते हुए निकल लेती हैं कि ‘तेरा-मेरा साथ अमर, फिर मुझको काहे का डर’”

सपा प्रमुख ने आरोप लगाते हुए कहा, “भाजपा चिकित्सा के क्षेत्र में अपने अयोग्य लोगों को पिछले दरवाज़े से लाकर लोगों के जीवन से बेहद ख़तरनाक खिलवाड़ कर रही है। भाजपा और उनके संगी-साथियों के बेइंतहा लालच का अंतरिक्ष जितना असीमित खुला मुँह देखकर तो सुरसा भी शर्म के मारे अपना मुख बंद कर लेती है। लानत है ऐसे भाजपाई लालच पर जो जनता की ज़िंदगियों को दांव पर लगा रहा है।”

क्या है पूरा मामला

लखनऊ में केजीएमयू नर्सिंग भर्ती-2023 में कथित गड़बड़ी सामने आने के बाद एसटीएफ इस कनेक्शन को तलाश रही है कि आखिर ये कैसे संभव हुआ। इसमें बड़ा खेल होने की आशंका है। नर्सिंग भर्ती को लेकर केजीएमयू प्रशासन पर तमाम आरोप लगे हैं। शिकायत का संज्ञान लेकर शासन ने एसटीएफ को मामले की जांच सौंपी है। रिपोर्ट्स के अनुसार, शुरुआती जांच में एसटीएफ ने कुछ अहम दस्तावेज जुटाए हैं। शुरुआती तफ्तीश में ही भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी के संकेत मिले हैं। भर्ती 1276 पदों के लिए निकाली गई थी। करीब आधे अभ्यर्थी एक ही कोचिंग के चयनित हुए। इसे जांच एजेंसी ने इत्तेफाक नहीं बल्कि साजिश माना है। इसलिए इस पहलू पर जांच जारी है। जांच एजेंसी इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को भी जुटा रही है। जिसमें कॉल डिटेल आदि अहम है।

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